मंगन : स्थानीय कार्यबल को सशक्त बनाने और जमीनी स्तर पर आर्थिक विकास को गति देने के उद्देश्य से मंगन जिला प्रशासन ने आज नवगठित जिला कौशल समिति की पहली बैठक आयोजित की। बैठक की अध्यक्षता डीसी की ओर से एसडीएम संदीप कुमार (आईएएस) ने की।
इस समिति का उद्देश्य क्षेत्रीय उद्योगों की आवश्यकताओं के अनुरूप स्थानीय स्तर पर जरूरत आधारित कौशल विकास कार्यक्रमों को लागू करना है। बैठक में विभिन्न विभागों के प्रमुख अधिकारियों और हितधारकों ने भाग लिया। इनमें एडीसी (विकास) के प्रतिनिधि (आरडीडी एवं एसआरएलएम), वरिष्ठ समाज कल्याण अधिकारी, संयुक्त निदेशक (कृषि एवं बागवानी), सहायक शिक्षा अधिकारी, सहायक निदेशक (पर्यटन), सहायक निदेशक (आईटी, एलआरडीएमडी), कौशल विकास के परियोजना अधिकारी, भारतीय स्टेट बैंक के लीड डिस्ट्रिक्ट मैनेजर तथा वाणिज्य एवं उद्योग विभाग के प्रतिनिधि शामिल थे।
विस्तृत चर्चा के दौरान समिति ने कई प्राथमिकता वाले क्षेत्रों की पहचान की, जिनमें एडवेंचर पर्यटन (पैराग्लाइडिंग और रिवर राफ्टिंग), कृषि मूल्य संवर्धन (आधुनिक मशीनरी और एफपीओ सहयोग सहित) तथा पारंपरिक उपयोगी हस्तशिल्प जैसे लुहार कार्य और टोपी निर्माण को पुनर्जीवित करना शामिल है। आगे की योजना के तहत जिले के लिवलीहुड स्कूल के ढांचे के नवीनीकरण पर विशेष ध्यान दिया जाएगा, ताकि इसे आधुनिक व्यावसायिक प्रशिक्षण केंद्र के रूप में विकसित किया जा सके।
इसके अलावा, कौशल विकास विभाग को निर्देश दिया गया है कि जिले में संचालित और पूर्ण हो चुके सभी प्रशिक्षण कार्यक्रमों का समुचित मानचित्रण किया जाए, जिससे समन्वय सुनिश्चित हो और दोहराव से बचा जा सके। समिति आगामी समय में वार्षिक जिला कौशल विकास योजना तैयार करेगी और जिला स्तर पर संचालित कौशल प्रशिक्षण कार्यक्रमों की प्रगति की त्रैमासिक समीक्षा भी करेगी।
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