गंगटोक : पटना उच्च न्यायालय की पूर्व मुख्य न्यायाधीश न्यायमूर्ति मीनाक्षी मदन राई को सिक्किम राज्य मानवाधिकार आयोग का अध्यक्ष नियुक्त किया गया है। राज्य के गृह विभाग की ओर से 24 अगस्त को जारी अधिसूचना के अनुसार, उनकी नियुक्ति कार्यभार संभालने के दिन से प्रभावी होगी।
मुख्य सचिव आर तेलंग की ओर से जारी अधिसूचना में कहा गया है कि न्यायमूर्ति राई का कार्यकाल कार्यभार ग्रहण करने की तारीख से तीन वर्ष या 70 वर्ष की आयु पूरी होने तक रहेगा। इनमें से जो अवधि पहले समाप्त होगी, वही उनकी नियुक्ति की अवधि मानी जाएगी।
आयोग की अध्यक्ष के रूप में न्यायमूर्ति राई को सिक्किम उच्च न्यायालय के वर्तमान मुख्य न्यायाधीश को मिलने वाले दर्जे, वेतन, भत्ते, सुविधाएं और अन्य सेवा लाभ प्राप्त होंगे। हालांकि, इन लाभों में उनकी पेंशन शामिल नहीं होगी।
मुख्यमंत्री प्रेम सिंह तमांग ने न्यायमूर्ति मीनाक्षी मदन राई को नई जिम्मेदारी मिलने पर बधाई और शुभकामनाएं दी हैं। उन्होंने इसे सिक्किम क्रांतिकारी मोर्चा सरकार के तहत महिलाओं के जिम्मेदारीपूर्ण पदों पर आगे बढ़ने का एक महत्वपूर्ण उदाहरण बताया।
मुख्यमंत्री ने अपने सोशल मीडिया संदेश में कहा कि न्यायमूर्ति राई की नियुक्ति महिलाओं को नेतृत्व और जिम्मेदारी के पदों पर समान अवसर प्रदान करने की सरकार की प्रतिबद्धता को दर्शाती है।
न्यायमूर्ति मीनाक्षी मदन राई ने 11 जुलाई 2026 को पटना उच्च न्यायालय के मुख्य न्यायाधीश पद से सेवानिवृत्ति ली थी। इससे पहले वह कई वर्षों तक सिक्किम उच्च न्यायालय की न्यायाधीश के रूप में भी सेवाएं दे चुकी हैं।
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