रोराथांग : पाकिम जिलान्तर्गत रोराथांग-रंगपो सड़क मार्ग पर मंगलवार सुबह चामरे के निकट भूस्खलन से बड़ा हादसा टल गया। एक पुलिसकर्मी की सतर्कता और कर्तव्यनिष्ठा के कारण भूस्खलन की चपेट में आने से कई वाहन और यात्री बच गए।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, क्षेत्र में लगातार हो रही भारी बारिश के बीच मंगलवार सुबह चामारे के पास पहाड़ी से अचानक बड़े-बड़े पत्थर और मलबा सडक़ पर गिरने लगे। यह स्थान रोराथांग से करीब तीन किलोमीटर दूर है। कुछ ही देर में सडक़ पूरी तरह अवरुद्ध हो गई। हालांकि, घटना की गंभीरता के बावजूद किसी के हताहत या घायल होने की सूचना नहीं है।
इस हादसे को टालने में रोराथांग पुलिस आउट पोस्ट से जुड़े नायक सुक बहादुर तमांग की अहम भूमिका रही। खास बात यह है कि घटना के समय वह ड्यूटी पर नहीं थे। रात की ड्यूटी पूरी करने के बाद वे अपने घर भास्मे 4 माइल की ओर स्कूटर से लौट रहे थे। इसी दौरान सुबह करीब 9:30 से 9:35 बजे के बीच उन्होंने पहाड़ी से पत्थर गिरते देखे।
खतरे को भांपते ही नायक सुक बहादुर तमांग ने तुरंत दोनों ओर से आ रहे वाहनों को रोक दिया। उन्होंने वाहन चालकों को आगे बढ़ने से मना किया और उन्हें सुरक्षित वैकल्पिक मार्ग की ओर जाने का संकेत दिया। कुछ ही देर बाद पहाड़ी का बड़ा हिस्सा धंस गया और मलबा सड़क पर आ गिरा।
घटना को लेकर नायक सुक बहादुर तमांग ने बताया कि वे रात की ड्यूटी पूरी कर सुबह करीब 9 बजे घर लौट रहे थे। रास्ते में उन्होंने पहाड़ी से पत्थर गिरते देखे। उस समय सड़क पर दोनों दिशाओं से वाहन आ रहे थे। उन्होंने तुरंत वाहनों को रोका और चालकों को खतरे वाले क्षेत्र से दूर जाने की सलाह दी। समय रहते वाहनों को रोक दिए जाने के कारण कोई दुर्घटना नहीं हुई। उन्होंने बताया कि वे स्कूटर से जा रहे थे, तभी उनकी नजर पहाड़ी से गिरते पत्थरों पर पड़ी। इसके कुछ ही देर बाद भूस्खलन हो गया।
इस घटना का एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है, जिसमें नायक सुक बहादुर तमांग वाहन चालकों को खतरे से आगाह करते और वाहनों को रोकते नजर आ रहे हैं। वीडियो सामने आने के बाद राज्यभर में लोग उनकी सतर्कता और कर्तव्यनिष्ठा की सराहना कर रहे हैं। तमांग ने बताया कि यह वीडियो लुपिन कंपनी में कार्यरत चालक आयुष ने अपने स्तर पर रिकॉर्ड किया था। उन्होंने कहा कि उन्होंने किसी से वीडियो बनाने के लिए नहीं कहा था।
बताया जा रहा है कि लगातार बारिश के कारण पहाड़ी की मिट्टी ढीली हो गई थी, जिससे भूस्खलन हुआ। सड़क पर मलबा गिरने से यातायात बाधित हो गया है। प्रशासन ने मार्ग की सफाई का कार्य शुरू कर दिया है और लोगों से अपील की है कि जब तक मार्ग को सुरक्षित घोषित नहीं किया जाता, तब तक इस रास्ते से आवाजाही न करें।
नायक सुक बहादुर तमांग के अनुसार, सड़क को पूरी तरह खोलने में समय लग सकता है, क्योंकि पहाड़ी पर अब भी ढीले पत्थर मौजूद हैं। ऐसे में सफाई और मरम्मत कार्य सावधानीपूर्वक करना होगा, ताकि दोबारा पत्थर गिरने की स्थिति में कोई नया हादसा न हो। वहीं, स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि पुलिसकर्मी समय रहते वाहनों को नहीं रोकते, तो बड़ा हादसा हो सकता था। भारी बारिश के बीच उनकी सतर्कता ने कई लोगों की जान बचा ली। यह घटना इस बात का उदाहरण है कि जनसेवा केवल ड्यूटी के समय तक सीमित नहीं होती। रातभर ड्यूटी करने के बाद घर लौट रहे एक पुलिसकर्मी ने खतरे को समय पर पहचाना, तुरंत निर्णय लिया और कई यात्रियों को सुरक्षित बचा लिया।
No Comments: